Crime journalist (सम्पादक-सेराज खान)

ब्यूरो चीफ सुल्तानपुर-आकृति अग्रहरि
सुल्तानपुर में नवरात्र के शुभ मुहूर्त पर पानी फेर रहा विनियमित क्षेत्र कार्यालय, स्वीकृतियां अटकने से लोग परेशान!
सुल्तानपुर – नियत प्राधिकारी विनियमित क्षेत्र (उपजिलाधिकारी सदर) कार्यालय की शिथिल कार्यप्रणाली के कारण दर्जनों लोगों के भवन निर्माण का सपना अधर में लटक गया है। कार्यालय में कई आवेदकों द्वारा अपने भवन निर्माण का मानचित्र (नक्शा) जमा किया जा चुका है और सरकार द्वारा निर्धारित सभी आवश्यक शुल्क भी जमा किए जा चुके हैं। कागजी कोरम और सभी औपचारिकताएं पूरी होने के बावजूद नियत प्राधिकारी द्वारा नक्शों को स्वीकृति नहीं दिए जाने से लोगों में भारी आक्रोश और परेशानी है। सबसे ज्यादा संकट उन परिवारों के सामने है, जिन्होंने नवरात्रि के पावन पर्व को अपने मकान निर्माण का शुभ मुहूर्त तय कर रखा था।
कागजी कोरम पूरा, फिर भी फाइलों पर कुंडली
पीड़ित आवेदकों का कहना है कि उन्होंने नियमों के तहत अपने मानचित्र की फाइलें कार्यालय में जमा की थीं। विभागीय जांच से लेकर सरकारी फीस (डेवलपमेंट चार्ज व अन्य शुल्क) जमा करने तक की सारी प्रक्रियाएं हफ्तों पहले पूरी हो चुकी हैं। इसके बाद भी नियत प्राधिकारी विनियमित क्षेत्र कार्यालय की फाइलों को आगे नहीं बढ़ा रहा है। लोगों का आरोप है कि बिना किसी ठोस कारण के स्वीकृतियां रोकी गई हैं, जिससे उन्हें मानसिक और आर्थिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
नवरात्रि के शुभ मुहूर्त में शुरुआत की आस टूटी
हिंदू धर्म में नवरात्रि के नौ दिनों को बेहद पवित्र माना जाता है। इस दौरान गृह निर्माण (भूमि पूजन) या गृह प्रवेश जैसे शुभ कार्यों की शुरुआत के लिए किसी अन्य मुहूर्त को देखने की आवश्यकता नहीं होती। क्षेत्र के कई लोगों ने इसी मंशा के साथ पहले से सारी तैयारियां कर रखी थीं, निर्माण सामग्री (ईंट, बालू, सीमेंट) गिरा ली थी और कारीगरों को भी एडवांस दे दिया था। लेकिन ऐन वक्त पर प्रशासनिक उदासीनता के कारण नक्शा पास न होने से उनका यह पावन संकल्प टूटता नजर आ रहा है।
पीड़ित जनता ने मामले में जिलाधिकारी से हस्तक्षेप की मांग की है ताकि रुके हुए मानचित्रों को तत्काल मंजूरी मिल सके और वे अपने आशियाने का निर्माण शुरू कर सकें।
